
आजमगढ़ : जनपद में अपराधियों और वांछित अभियुक्तों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना जीयनपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। बीते 28 अप्रैल को अजमतगढ़ में शादी समारोह के दौरान हुई सनसनीखेज हत्या के मामले में शामिल एक मुख्य अभियुक्त पुलिस मुठभेड़ के दौरान पैर में गोली लगने से घायल हो गया, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं, उसके दो साथी अंधेरे का लाभ उठाकर भागने में सफल रहे।
पुलिस के अनुसार, गोरखपुर जनपद के बड़हलगंज निवासी राजेश निषाद ने थाना जीयनपुर में लिखित तहरीर दी थी। तहरीर के मुताबिक, 28 अप्रैल की रात अजमतगढ़ कस्बे में एक शादी समारोह के दौरान कूलर की हवा की दिशा को लेकर मामूली विवाद शुरू हुआ था। यह विवाद इतना बढ़ गया कि नीरज निषाद सहित 9 नामजद अभियुक्तों ने चाकू और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हिंसक झड़प में चाकू लगने से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
घटना की गंभीरता को देखते हुए प्रभारी निरीक्षक विनय कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही थी। बुधवार और बृहस्पतिवार की दरम्यानी रात पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि हत्याकांड से जुड़े तीन संदिग्ध बासूपार-घड़सरा मार्ग से गुजरने वाले हैं।
पुलिस टीम ने मुबारकपुर तिराहे से बासूपार मार्ग पर घेराबंदी की। पुलिस ने जब तीन संदिग्ध व्यक्तियों को रोकने का प्रयास किया, तो उन्होंने खुद को घिरा देख पुलिस टीम पर जान से मारने की नियत से फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षार्थ पुलिस द्वारा की गई नियंत्रित जवाबी फायरिंग में एक अभियुक्त के दाहिने पैर में गोली लगी, जिससे वह मौके पर ही गिर पड़ा। घायल अभियुक्त को रात करीब 00:20 बजे हिरासत में लिया गया। हालांकि, अंधेरे का फायदा उठाकर उसके दो अन्य साथी मौके से फरार होने में कामयाब रहे।
मुठभेड़ में घायल अभियुक्त को तत्काल उपचार के लिए जिला चिकित्सालय आजमगढ़ भेजा गया है। पुलिस फरार अभियुक्तों की तलाश में जुटी है और उनके संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। प्रभारी निरीक्षक विनय कुमार सिंह ने बताया कि क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों पर नकेल कसने के लिए यह अभियान निरंतर जारी रहेगा।










